उज्जैन रेलवे स्टेशन का विकास एयरपोर्ट की तरह करने की योजना
बजट में अनुमति मिली तो 600 करोड़ रुपए मिलेंगे, महाकाल लोक के बाद सौगात की तैयारी |
अधिकांश लोग रेल के माध्यम से उज्जैन पहुंचते हैं। लोगों की सुविधा के मद्देनजर रेलवे द्वारा स्टेशन का विकास एयरपोर्ट की तरह करने की योजना बनाई गई हैं।
वर्तमान में रेलवे स्टेशन पर कुल 8 प्लेटफार्म हैं जिनमें से मुख्य रूप से 6 का उपयोग ट्रेनों के आवागमन के लिये हो रहा है।महाकाल लोक बनने के बाद रेलवे स्टेशन पर यात्रियों के लिये सुविधाएं बढ़ाने पर विभाग द्वारा कार्ययोजना तैयार की जा रही है। पिछले दिनों उज्जैन स्टेशन के निरीक्षण पर आये डीआरएम रतलाम मंडल रजनीश कुमार ने भी स्टेशन के विकास और सुधार कार्य की बात कही थी।
मनोरंजन के साथ दिव्यांगजनों की सुविधा का रखेंगे ध्यान :
रेलवे विभाग द्वारा तैयार की गई कार्ययोजना के मुताबिक यात्री सुविधाओं के साथ रिटेल कैफेटेरिया, मनोरंजन सुविधा के लिये बडा प्लाजा तैयार होगा। इसके अलावा रेलवे स्टेशन के दोनों ओर स्टेशन भवनों का निर्माण, फूड कोर्ट, वेटिंग लाउंज, बच्चों के खेलने की जगह, स्थानीय उत्पादों के लिये जगह, पािर्कंग सुविधा के अलावा आगमन, प्रस्थान के अलग-लग व्यवस्थाएं रहेंगी।
महाकालेश्वर का प्रसाद व शहर की प्रसिद्ध सामग्री काउंटर :
रेलवे की योजना के अनुसार स्टेशन परिसर में ही भगवान महाकालेश्वर का प्रसाद भी मिलेगा इसके अलावा शहर की प्रसिद्ध कंकू, मेंहदी, नमकीन और भैरवगढ प्रिंट के स्टाल व काउंटर भी यात्रियों की सुविधा के लिये खोले जाएंगे।